प्रयागराज में जनसत्ता दल लोकतांत्रिक का बड़ा दांव: अमित कुमार उपाध्याय बने महानगर छात्र प्रकोष्ठ अध्यक्ष
प्रयागराज, उत्तर प्रदेश की सियासी हवाओं में एक नया नाम तेजी से उभर रहा है, जनसत्ता दल लोकतांत्रिक। पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष कुँवर रघुराज प्रताप सिंह उर्फ राजा भैया की अगुवाई वाली इस पार्टी ने आज प्रयागराज में छात्र राजनीति के मैदान में अपनी मजबूत दस्तक दी। पार्टी ने युवा चेहरा अमित कुमार उपाध्याय को महानगर प्रयागराज छात्र प्रकोष्ठ का अध्यक्ष नियुक्त कर संगठन विस्तार की नई इबारत लिखी है।
यह नियुक्ति महज एक पद की घोषणा नहीं, बल्कि 2027 के विधानसभा चुनाव से पहले जनसत्ता दल लोकतांत्रिक की उस रणनीति का हिस्सा है जिसमें युवाओं और छात्रों को मुख्यधारा में लाकर पार्टी को इलाहाबाद विश्वविद्यालय और डिग्री कॉलेजों की राजनीति में मजबूत आधार देना है।
नियुक्ति समारोह में दिखा संगठन का दम
सिविल लाइंस स्थित पार्टी कार्यालय में आयोजित गरिमामय समारोह में महानगर अध्यक्ष सत्य प्रकाश सिंह ‘एडवोकेट’ ने अमित कुमार उपाध्याय को विधिवत मनोनयन पत्र सौंपा। इस मौके पर विश्वंभर सिंह राजू (प्रधान महासचिव), किरन सिंह (जिला अध्यक्ष महिला प्रकोष्ठ), विकास सिंह सोमवंशी (अध्यक्ष विधि प्रकोष्ठ), राकेश पांडेय (महानगर मीडिया प्रभारी) सहित दर्जनों पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
मनोनयन पत्र में स्पष्ट लिखा है कि यह नियुक्ति पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष कुँवर रघुराज प्रताप सिंह और प्रदेश अध्यक्ष विनोद सरोज के निर्देश पर की गई है। पत्र में कहा गया है, “पार्टी को पूर्ण विश्वास है कि अमित कुमार उपाध्याय छात्र प्रकोष्ठ के सौंपे गए दायित्वों का निर्वहन पूरी निष्ठा, ईमानदारी और ऊर्जा के साथ करेंगे।”
अमित उपाध्याय कौन हैं?
अमित कुमार उपाध्याय मिर्ज़ापुर के मूल निवासी हैं और पिछले कई वर्षों से छात्र राजनीति में सक्रिय है। उपाध्याय छात्र जीवन से ही सामाजिक मुद्दों पर मुखर रहे हैं। महंगाई, बेरोजगारी, शिक्षा में भ्रष्टाचार और छात्रों के हितों की लगातार पैरवी करने वाले उपाध्याय की पहचान एक जुझारू और जमीन से जुड़े नेता के रूप में है।
सूत्रों का कहना है कि अमित उपाध्याय की नियुक्ति इसलिए भी खास है क्योंकि वे न तो किसी पारंपरिक ठाकुर लॉबी से आते हैं और न ही यादव या दलित समुदाय से। एक सामान्य मध्यमवर्गीय परिवार से आने वाले उपाध्याय पार्टी की उस सोच का प्रतीक हैं जिसमें जाति से ऊपर उठकर युवा नेतृत्व को मौका दिया जा रहा है।
राजा भैया की नई रणनीति: छात्रों पर फोकस
जनसत्ता दल लोकतांत्रिक पिछले दो साल से लगातार संगठन विस्तार में जुटी है। कुशीनगर, आजमगढ़, जौनपुर, प्रतापगढ़ के बाद अब प्रयागराज में छात्र प्रकोष्ठ को मजबूत करना पार्टी की बड़ी रणनीति का हिस्सा है।
सूत्र बताते हैं कि राजा भैया ने स्पष्ट निर्देश दिए हैं कि 2027 तक हर जिले में 1000 सक्रिय छात्र कार्यकर्ता तैयार किए जाएं।
प्रयागराज में इलाहाबाद विश्वविद्यालय, एसएसडी कॉलेज, चौधरी महादेव प्रसाद डिग्री कॉलेज, ईविंग क्रिश्चियन कॉलेज जैसे बड़े शिक्षण संस्थान हैं। इन कैंपसों में अभी तक सपा का छात्र संगठन, कांग्रेस का एनएसयूआई और भाजपा का एबीवीपी प्रभावी रहा है। जनसत्ता दल लोकतांत्रिक अब चौथे विकल्प के रूप में छात्रों के बीच अपनी जगह बनाने की तैयारी में है।

2027 की तैयारी का ब्लूप्रिंट
पार्टी के एक वरिष्ठ नेता ने नाम न छापने की शर्त पर बताया, “राजा भैया जानते हैं कि आज का छात्र कल का वोटर है। प्रयागराज की 12 विधानसभा सीटों में कम से कम 6 सीटों पर छात्र और युवा वोट निर्णायक भूमिका निभाते हैं। अगर हम यहां 20-25 हजार युवाओं को जोड़ लेते हैं तो 2027 में कई सीटों पर त्रिकोणीय मुकाबला चौकोर हो जाएगा।
”अमित उपाध्याय को मिली जिम्मेदारी के तहत अब उन्हें अगले तीन महीनों में हर विधानसभा क्षेत्र में छात्र इकाइयां गठित करनी हैं। दिसंबर से जनवरी तक शहर के सभी प्रमुख कॉलेजों में “युवा चौपाल” और “छात्र संवाद” कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे।
अन्य दलों में खलबली
अमित उपाध्याय की नियुक्ति की खबर जैसे ही सोशल मीडिया पर वायरल हुई, अन्य छात्र संगठनों में खलबली मच गई। एक एनएसयूआई नेता ने ऑफ द रिकॉर्ड कहा, “राजा भैया का प्रभाव कुंडा तक सीमित था, लेकिन अब प्रयागराज में छात्र राजनीति में घुसने की कोशिश कर रहे हैं। इसे हल्के में नहीं लिया जा सकता।”वहीं सपा के एक पदाधिकारी ने तंज कसा, “नई पार्टी, नया नाम, पुराना चेहरा। देखते हैं कितने दिन टिकते हैं।”
आगे की राह
अमित उपाध्याय ने नियुक्ति के बाद कार्यकर्ताओं को संबोधित करते हुए कहा, “यह सिर्फ एक पद नहीं, छात्रों के हकों की लड़ाई का माध्यम है। हम महंगाई, बेरोजगारी, पेपर लीक और शिक्षा माफिया के खिलाफ बिना डरे लड़ेंगे।
जनसत्ता दल लोकतांत्रिक कोई जाति विशेष की पार्टी नहीं है, बल्कि यह हर उस युवा की पार्टी है जो अपने भविष्य के लिए संघर्ष कर रहा है।
”अगले सप्ताह से अमित उपाध्याय की टीम कॉलेज-कॉलेज जाकर सदस्यता अभियान शुरू करने जा रही है। पार्टी ने “एक छात्र, एक कार्यकर्ता” का नारा दिया है।प्रयागराज की सियासी गलियों में एक नया नाम गूंजने लगा है, जनसत्ता दल लोकतांत्रिक। और इसकी पहली बिसात छात्र राजनीति के अखाड़े में बिछ चुकी है। 2027 दूर नहीं है। अब देखना यह है कि अमित उपाध्याय और उनकी टीम कितना बड़ा खेल खेल पाती है।

राकेश पांडेय मुख्य संपादक रिलाएबल मीडिया भारत है, राष्ट्रीय और अंतर्राष्ट्रीय पत्रकारिता में 20 वर्षो से अपनी सेवाएं दे रहे हैं।
